
- जोड़कर बनता है: 9 · मंगल
- फ़ैसला: इससे बचें
- रैंक: किसी रैंक वाली लिस्ट में नहीं
- नाम का वज़न: 15/100
- सोर्स: क्लासिकल कैल्डियन ग्रंथ (कंपाउंड टेबल 10–52)
क्लासिकल मतलब
18 जोड़कर 9 बनता है, जो मंगल का नंबर है। क्लासिकल ग्रंथ में इसका नाम है: खून टपकाता चाँद (Rayed Moon Dropping Blood)। इसके अंदर 1 सूर्य है और 8 शनि। इन दोनों के पीछे 9 बनकर मंगल खड़ा है।
ऊपर से देखें तो 9 वाला नाम वैसे ही चलता है जैसे कोई भी 9: फैलता है, ताकत और लोगों के दम पर चलता है, पर कंट्रोल के मामले में सब्र कम रखता है। अंकशास्त्री कहते हैं कि बिज़नेस का नाम इस टोटल पर न रखें। ब्रांड के लिए इसे सबसे ज़्यादा नुकसान वाला माना जाता है, क्योंकि इसके अंदर सूर्य और शनि आपस में दुश्मन हैं।
सबसे छोटा बदलाव कीजिए जिससे नाम 18 से हट जाए। 9 पर अच्छे टोटल ये हैं: 27 और 45। कोशिश कीजिए कि नाम इनमें से किसी पर आए।
बिज़नेस के लिए मतलब
इससे बचें: ब्रांड के लिए नुकसान वाला। Name Score में इसका वज़न 15 है।
18 कैसे बनता है
1 सूर्य है और 8 शनि। जोड़कर 9 बनता है, इसलिए दोनों के पीछे मंगल खड़ा है।
क्या अंकशास्त्री बिज़नेस का नाम 18 पर रखेंगे?
नहीं। इसे "इससे बचें" वाले खाने में रखा जाता है। ब्रांड के लिए इसे सबसे ज़्यादा नुकसान वाला माना जाता है। नाम में सबसे छोटा बदलाव करके उसे 18 से हटा दीजिए।
9 बनाने वाले बाकी कंपाउंड नंबर
| कंपाउंड नंबर | फ़ैसला | नोट |
|---|---|---|
| 27 | अच्छा | |
| 45 | अच्छा | |
| 81 | न्यूट्रल | 86 पर ले जाइए |
| 36 | इससे बचें | 3 और 6 की दुश्मनी |
9 कैसे चलता है
जोश, लोगों की ताकत और बड़ा पैमाना। फैलता है, ताकत और लोगों के दम पर चलता है, पर कंट्रोल के मामले में सब्र कम रखता है। 9 वाला बिज़नेस फैलता जाता है।
कंपाउंड और सिंगल नंबर को साथ कैसे पढ़ें
- कंपाउंड नंबर पहले पढ़ा जाता है, सिंगल नंबर बाद में। सिंगल नंबर से स्वभाव पढ़ा जाता है, किस्मत नहीं।
- एक ही सिंगल नंबर वाले दो नाम कंपाउंड नंबर से अलग हो जाते हैं। 23 और 41 एक बात नहीं हैं, न ही 18 और 27।
- हर कंपाउंड नंबर दो ग्रहों की जोड़ी है। 19 में सूर्य के साथ मंगल है। 18 में सूर्य के साथ शनि है, और दोनों आपस में दुश्मन हैं।
- 13, 14, 16 और 19 कर्म के कर्ज़ वाले नंबर हैं। इन्हें बिना छोटा किए पढ़ा जाता है।
- पास का अच्छा कंपाउंड नंबर दूर के सबसे बढ़िया नंबर से बेहतर है। एक लेटर बदलकर 37 पर पहुँचना, पूरा नया नाम रखकर 23 पर पहुँचने से ज़्यादा फ़ायदे का है, क्योंकि पुराने नाम की पहचान बची रहती है।
नाम को 18 से हटाइए
Name Variants आपके मौजूदा नाम को दो बदलाव के अंदर दोबारा लिखता है, और दिखाता है कि हर स्पेलिंग किस कंपाउंड नंबर पर पहुँचती है। Name Score कई नामों की लिस्ट को स्कोर के हिसाब से लगा देता है।
आगे पढ़ें
- Name Variants: नाम को 18 से हटाइए
- Name Score: नामों की लिस्ट को स्कोर दीजिए
- नंबर 9: 18 के पीछे का सिंगल नंबर