कैल्डियन, पाइथागोरियन, हिब्रू, ग्रीक और अरबी, हर सिस्टम में आपका नाम एक साथ। और कौन से नंबर बार-बार आते हैं।
कैसे इस्तेमाल करें: भरिए: पूरा नाम, डेट ऑफ बर्थ (ज़रूरी नहीं), पुरुष या महिला (कुआ नंबर के लिए), फिर बटन दबाइए।
यह कैसे काम करता है
हर सिस्टम में वही लेटर गिने जाते हैं, पर हर सिस्टम के अपने नंबर और नियम हैं। डेट ऑफ बर्थ डालें तो लाइफ़ पाथ, मूलांक, भाग्यांक और लो शू ग्रिड भी जुड़ते हैं। जेंडर चुनें तो कुआ नंबर भी। मिलान के लिए हर नतीजे को 1 से 9 के बीच एक मूल अंक तक लाया जाता है। जो मूल अंक एक से ज़्यादा बार आते हैं, उनकी लिस्ट दी जाती है।
सवाल-जवाब
अलग-अलग सिस्टम अलग नंबर क्यों देते हैं?
हर सिस्टम लेटर को अलग नंबर देता है। कैल्डियन में किसी लेटर का नंबर 9 नहीं होता। पाइथागोरियन में नंबर 1 से 9 क्रम से चलते हैं। हिब्रू, ग्रीक और अरबी टेबल सैकड़ों तक जाती हैं। इसलिए नंबर अलग आना आम बात है। काम की बात वो नंबर हैं जो बार-बार आते हैं।
मुझे कौन सा सिस्टम मानना चाहिए?
भारत में सबसे ज़्यादा कैल्डियन नामांक देखा जाता है। साथ में डेट ऑफ बर्थ से मूलांक और भाग्यांक। बाकी सिस्टम उसी नाम को दूसरी नज़र से देखते हैं।
क्या हिब्रू, ग्रीक और अरबी नंबर वही हैं जो उन लिपियों में मेरा नाम लिखने पर आते?
नहीं। आपका नाम इंग्लिश लेटर में पढ़ा जाता है, और हर लेटर उस भाषा के अक्षरों से एक नंबर ले लेता है। उसी लिपि में लिखा नाम दूसरा जोड़ दे सकता है।